फ्यूचर्स एसेट

फ्यूचर्स एसेट उपयोगकर्ता के फ्यूचर्स अकाउंट के वास्तविक एसेट बैलेंस को संदर्भित करता है, जो विशेष रूप से डिपॉजिट + रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस (PnL) + अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस का योग है।

 

टोटल मार्जिन

उपयोगकर्ताओं के फ्यूचर्स अकाउंट्स में फ्यूचर्स एसेट पूरी तरह से मार्जिन के रूप में इस्तेमाल किए जाएंगे।

 

 इंट्री प्राइज

इंट्री प्राइज एक फ्यूचर ऑर्डर खोलने के लिए औसत कॉस्ट प्राइज और रियल कॉस्ट प्राइज का एक कॉम्बिनेशन है। प्राइज का इस्तेमाल उपयोगकर्ताओं की फ्यूचर्स पोजीशन्स के अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस को केल्कूलेट करने के लिए किया जाएगा। इस बीच, एक ही टोकन की फ्यूचर्स पोजीशन्स एक दिशा (लॉन्ग या शॉर्ट) में पूरी तरह से केल्कूलेट की जाएगी। उदाहरण के लिए, अगर आप 10,000 USDT की प्राइज पर 10 BTC कॉन्ट्रैक्ट्स की एक लॉन्ग पोजीशन खोलते हैं और 12,000 USDT की प्राइज पर 10 BTC कॉन्ट्रैक्ट्स की लॉन्ग पोजीशन खोलते हैं, तो आपकी इंट्री प्राइज के केल्कूलेशन में 11,000 USDT के बराबर होती है “10,000 USDT * 10 + 12,000 USDT * 10/ 10+10”।

 

अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस

अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस ट्रेडर्स की पोजीशन्स के अनुमानित गेन या लॉस को संदर्भित करता है। यह एक अनुमानित PnL अमाउंट है जिसका केल्कूलेशन पोजीशन के बंद होने के बाद मार्क प्राइज द्वारा किया जाता है। रियल-टाइम मार्क प्राइज के अधीन, इसे पेपर प्रॉफिट या लॉस भी कहा जाता है। अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस एक संदर्भ है लेकिन पोजीशन्स के बंद होने के बाद रियल गेन या लॉस नहीं है। 

अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस को इंट्री प्राइज और मार्क प्राइज के बीच के अंतर के आधार पर केल्कूलेट किया जाता है। विवरण के लिए कृप्या नीचे देखें:

लॉन्ग पोजीशन्स के अनरियलाइज्ड प्रोफिट्स और लॉस = (मार्क प्राइज – इंट्री प्राइज) * पोजीशन्स

शॉर्ट पोजीशन्स के अनरियलाइज्ड प्रोफिट्स और लॉस = (इंट्री प्राइज – मार्क प्राइज) * पोजीशन्स

उदाहरण के लिए, अगर आप 10,000 USDT की औसत इंट्री प्राइज के साथ 10 BTC कॉन्ट्रैक्ट्स की एक लॉन्ग पोजीशन खोलते हैं। जब BTC की मार्क प्राइज 12,000 USDT तक बढ़ जाती है, तो “(12,000 USDT – 10,000 USDT) * 10” की केल्कूलेशन में आपकी पोजीशन्स का अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस 20,000 USDT है।

 

 रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस

जब उपयोगकर्ता अपनी पोजीशन्स को बंद करते हैं तो रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस रियल गेन या लॉस को संदर्भित करता है। रियलाइज्ड प्रोफिट्स को कोलेट्रेल के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है और विथड्रॉ किया जा सकता है। 

रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस इंट्री प्राइज और मार्क प्राइज के बीच का अंतर है। विवरण के लिए कृप्या नीचे देखें:

लॉन्ग पोजीशन्स के लिए, अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस = (क्लोज प्राइज – इंट्री प्राइज) * पोजीशन्स

शॉर्ट पोजीशन्स के लिए, अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस = (इंट्री प्राइज – क्लोज प्राइज) * पोजीशन्स 

उदाहरण के लिए, अगर आपने 10,000 USDT की इंट्री प्राइज के साथ 10 BTC कॉन्ट्रैक्ट्स की एक लॉन्ग पोजीशन खोली है और जब BTC 8,000 USDT तक गिर गया है, तो आपकी पोजीशन का रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस (10,000 USDT – 8,000 USDT) * 10 के बराबर है।

 

अनरियलाइज्ड PnL को रियलाइज्ड PnL के रूप में गिना जाता है

अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस को निम्नलिखित परिस्थितियों में रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस के रूप में गिना जाएगा:

1.       किसी पोजीशन को बंद करें या विपरीत पोजीशन खोलें, विशेष रूप से नेट लॉन्ग पोजीशन को नेट शॉर्ट पोजीशन में बदलते हुए या इसके विपरीत करते हुए।

2.       एक बार जब अनरियलाइज्ड PnL की एब्सोल्यूट वैल्यू कोलेट्रल बैलेंस के 1% से अधिक हो जाती है और वैल्यू कम से कम 10 USDT की हो जाती है तो अनरियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस को हर 15 मिनट में रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस के रूप में गिना जाएगा।

अनरियलाइज्ड प्रोफिट या लॉस (>0) को उपयोगकर्ताओं के अकाउंट में कोलेट्रल के रूप में तभी क्रेडिट किया जाएगा जब इसे रियलाइज्ड प्रोफिट और लॉस के रूप में गिना जाएगा। प्रोफिट और लॉस को मार्केट प्राइज पर USDT में केल्कूलेट किया जायेगा।

 

PnL और ROR का पोजीशन

एक पोजीशन का प्रोफिट और लॉस वर्तमान पोजीशन्स के गेन्स या लॉसेस को संदर्भित करता है जबसे उन्हें खोला गया था। रिटर्न का रेट (ROR) खुले हुए ऑर्डर्स की लागत के गेन्स के अनुपात को संदर्भित करता है। 

ROR को निम्नानुसार केल्कूलेट किया जाएगा:

लॉन्ग पोजीशन्स का ROR: (मार्क प्राइज / इंट्री प्राइज - 1) * फ्यूचर्स लेवरेज

शॉर्ट पोजीशन्स का ROR: (1 - मार्क प्राइज / इंट्री प्राइज) * फ्यूचर्स लेवरेज